जेफ बेज़ोस की जीवनी

जेफ बेज़ोस का जन्म 12 जनवरी 1964 में हुआ मेक्सिको में हुआ था। उनकी मां सिर्फ 17 साल की एक हाई स्कूल छात्र थी और उनके पिता एक बाइक बनाने की एक दुकान चलते थे। 1968 में उनके माता-पिता का तलाक हो गया।  तब उनकी मां ने एक माइक बेजोज से शादी कर ली और यही से जेफ बेज़ोस का आखरी नाम ‘बेज़ोस’ अपने सौतेले पिता माइक बेजोज़ से आता है। 

जेफ बेज़ोस को अपने बचपन से ही टेक्नोलॉजी में काफी दिलचस्पी थी, और इसका पता आपको इस  बात से पता चलेगा की उन्होंने अपने भाई बहनों को अपने कमरे से बाहर रखने के लिए एक अलार्म भी बनाया था जो एक इलेक्ट्रिकल उपकरण से बना था। जब जेफ बेज़ोस हाई स्कूल में थे तब उन्होंने एक बार मैकडॉनल्ड में भी एक कुक के तौर पर काम किया। जेफ बेज़ोस अपने हाई स्कूल में वेलेडिक्टोरियन थे और सिल्वर नाइट के पुरस्कार से भी उनको सम्मानित किया गया था। उन्होंने प्रिंसटन यूनिवर्सिटी में इलेक्ट्रिकल इंजीनियरिंग और कंप्यूटर साइंस में इंजीनियरिंग में बैचलर ऑफ साइंस के अपनी शिक्षा पूर्ण करी। 

जब जेफ बेज़ो ने अपनी ग्रेजुएशन के बाद कई जगहों पर काम किया। उन्होंने जब ग्रेजुएशन प्रिंसटन यूनिवर्सिटी से कर लिया है 1986 में, तब उनको कई जगह पर जॉब ऑफर हुई । इंटेल, बेल लैब्स और एंडरसन ने उनको अपने ऑफिस में कार्य करने का भी न्योता दिया।  सबसे पहला कार्य जो उनको फिंटेल कंपनी में मिला वह था अंतर्राष्ट्रीय व्यापार के लिए एक नेटवर्क बनाने का। उसके बाद बैंकिंग इंडस्ट्री में उन्होंने एक प्रोडक्ट मैनेजर के रूप में कार्य किया। 

जेफ बेज़ोस ने कंपनी में कार्य को छोड़ दिया और अपने एक कंपनी शुरू करने की सोची। इसका नाम उन्होंने अमेजॉन रखा। उन्होंने अमेजॉन की स्थापना जुलाई 5 1984 में की थी। सबसे पहले उन्होंने अपनी कंपनी का नाम काडबरा रखा था। 

 उसके बाद उस कंपनी का नाम उन्होंने बदलकर अमेजॉन कर दिया, अमेजॉन इसलिए उन्होंने रखा क्योंकि अमेजॉन एक साउथ अफ्रीका में दुनिया की सबसे बड़ी  नदी थी और साथ ही साथ उनका इंटरनेट की सर्च पर सबसे पहले आता क्योंकी उनके कंपनी का नाम अंग्रेज़ी के शब्दों में सबसे पहले शब्द से शुरू होता था ।

जब जेफ बेज़ोस ने अपने कंपनी की स्थापना की तब उन्होंने $300,000 अपने मां-बाप से लिए और अपने सारे निवेशकों से उन्होंने यह बता दिया कि 70% यह हो सकता है की उनकी कंपनी या तो असफल या कंगाल हो जाए। जेफ बेज़ोस ने  अमेजॉन को एक ऑनलाइन स्टोर की तरह शुरू किया, जहां पर वह किताबों को बेचने का कार्य करते थे। 3 साल के अंदर जेफ बेज़ोस ने अमेजॉन को इनिशियल पब्लिक ऑफर से शेयर मार्केट में उतर दिया। तब तक इंटरनेट के कारण उनकी कंपनी उनकी काफी अच्छी ग्रो कर चुकी थी। 

इसके बाद जेफ बेज़ोस ने अमेज़न पर म्यूजिक और वीडियो को भी बेचना शुरू कर दिया और उन्होंने अपनी कंपनी को बुक बेचने के अलावा और कई सरे उपकरणों को  बेचना शुरू कर दिया। 2002 में उन्होंने अपने अमेजॉन वेब सर्विसेज को भी लॉन्च कर दिया जो वेदर चैनल और वेबसाइट ट्रेफिक का डाटा को एकत्रित करती थी।

 इसके बाद जेफ बेज़ोस को काफी दिक्कतों का भी सामना करना पड़ा था और 2000 में जेफ बेज़ोस को दो बिलियन डॉलर बैंक से लोन भी लेना पड़ा क्योंकि उनके कंपनी के अंदर सिर्फ 300 मिलियन डॉलर ही बचे थे।  2002 के अंदर उनकी कंपनी लगभग कंगाल होने वाली थी लेकिन लेकिन 2003 के उन्होंने $400 मिलियन डॉलर का मुनाफा बनाकर अपनी कंपनी को बचा लिया।  जब 2007 में किंडल लॉन्च हुआ  तो यह बहुत बड़ी सफलता के रूप में दिखाई दिया, जब जेफ बेज़ोस अमेज़न किंडल कोबनाया तब वह एक ऐसे प्रकार का उपकरण बनाना चाहते थे जो किसी वीडियो गेम को खेलने जैसा ही सुविधा जनक हो।  और अमेज़ॉन किंडल के कारण ही अमेज़ॉन की कंपनी दुनिया  सबसे बड़ा ऑनलाइन कॉमर्स स्टोर बन गयी। 

जैक माँ ने अमेज़ॉन को ही देख कर अलीबाबा को चीन के अंदर उतारा और अब अलीबाबा भी चीन में सबसे बड़े कारोबार करने वाले कंपनी बन गयी है। 2017 में जेफ बेज़ोस कुछ समय के लिए दुनिया के सबसे अमीर इंसान बन गए थे माइक्रोसॉफ्ट के फाउंडर बिल गेट्स को पीछे छोड़ते हुए।  उनकी संपूर्ण संपत्ति लगभग 90 बिलियन हो गई थी और कुछ समय के  बाद उनकी संपूर्ण संपत्ति  $120 हो गई और 2017 में उनको दुनिया का सबसे अमीर इंसान के तौर पर घोषित कर दिया गया।  मार्च 6, 2018 को जब उनकी संपूर्ण संपत्ति 112 बिलियन डॉलर हो गई थी। 

2018 में जब राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने जब जेफ बेज़ोस को उनके बिजनेस मॉडल और उनके सेल्स टैक्स को ना देने के लिए उनको काफी बुरा भला कहा था और इसके कारण अमेजॉन के शेयर में 9 पर्सेंट गिर भी गए थे। डोनाल्ड ट्रंप के गलत कमेंट के कारण जेफ बेज़ोस की संपत्ति 10 बिलियन डॉलर से गिर गई थी। हफ्ते बाद जब स्टैनफोर्ड विश्वविद्यालय से बाहर की एक शैक्षणिक रिपोर्टों में यह संकेत दिया कि ट्रम्प अमेज़ॅन के संचालन के तरीको में बिलकुल कुछ भी फेर बदल किसी सार्थक रूप से नहीं कर पाएंगे, तब अमेज़न राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के नुक़्सानो से उभरने कर भरपाई कर ली। 

इसी के साथ सितंबर 2000 में वे जो उसने दूसरी कंपनी अपनी खोली थी जिसका नाम ब्लू ओरिजन नाम रखा था जो कि स्पेस ट्रैवल और डेवलपमेंट ऑफ ह्यूमन लाइफ सोलर सिस्टम के अंदर को ध्यान देती थी। जेफ बेज़ोस अपने हाईस्कूल के समय से ही स्पेस में काफी दिलचस्पी रखते थे।  इस कारण से उन्होंने इस अपने अंतरिक्षक के जुनून को इस कंपनी की स्थापना कर दी। 

जेफ बेज़ोस ने कठिन से कठिन दिनों का सामना किया इतनी सफलता को प्राप्त करने के। और आज वह लाखो लोगो को रोज़गार दे रहे है। अमेज़ॉन पहले एक कंपनी है जो १ ट्रिलियन डॉलर के अकड़े को पार किया था।  

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *